गया: गया-नवादा जिले के एक नवजात शिशु, जो जन्म के समय Gastroschisis जैसी अत्यंत दुर्लभ एवं गंभीर जन्मजात विकृति से पीड़ित था, प्रकाश मल्टीस्पेशियलिटी हॉस्पिटल, गया में सफल उपचार कर उसे नया जीवन दिया गया। जन्म के समय शिशु के पेट की दीवार पूर्ण रूप से विकसित नहीं थी, जिसके कारण उसकी लगभग पूरी छोटी एवं बड़ी आंत पेट के बाहर थी। यह नवजात शल्य चिकित्सा की सबसे गंभीर आपातकालीन स्थितियों में से एक मानी जाती है, जिसमें समय पर विशेषज्ञ उपचार नहीं मिलने पर शिशु का जीवन बचाना अत्यंत कठिन हो जाता है। डॉ. जे.पी. सिंह (Laser, Laparoscopic एवं Endoscopic Surgeon) के नेतृत्व में शिशु का दो चरणों (Two-Stage Surgery) में सफल ऑपरेशन किया गया। प्रथम चरण में बाहर निकली आंतों को अत्यंत सावधानीपूर्वक सुरक्षित रखते हुए धीरे-धीरे उदर गुहा (Abdominal Cavity) में स्थापित किया गया तथा द्वितीय चरण में सफलतापूर्वक पेट की दीवार का पुनर्निर्माण (Abdominal Wall Closure) किया गया।

ऑपरेशन के बाद नवजात की गहन चिकित्सा एवं Neonatal Care की संपूर्ण जिम्मेदारी डॉ. स्वर्णलता (बाल रोग विशेषज्ञ) ने अत्यंत कुशलता एवं समर्पण के साथ निभाई। उनकी सतत निगरानी एवं उचित उपचार के कारण नवजात धीरे-धीरे स्वस्थ होकर अब सुरक्षित है। इस चुनौतीपूर्ण उपचार की सफलता में एनेस्थीसिया टीम, ऑपरेशन थिएटर (OT) स्टाफ, नर्सिंग स्टाफ एवं संपूर्ण चिकित्सा दल का योगदान अत्यंत महत्वपूर्ण एवं सराहनीय रहा। सभी के समन्वित प्रयास, निरंतर निगरानी और समर्पित सेवा के कारण इस मासूम को नया जीवन मिल सका। इस अवसर पर डॉ. जे.पी. सिंह ने कहा कि “Gastroschisis जैसी जटिल जन्मजात विकृति का समय पर निदान, विशेषज्ञ शल्य चिकित्सा तथा उच्चस्तरीय नवजात देखभाल (Neonatal Intensive Care) से सफल उपचार संभव है। ऐसे गंभीर मामलों में प्रत्येक मिनट महत्वपूर्ण होता है और पूरी टीम का समन्वित प्रयास ही सफलता की कुंजी बनता है।” प्रकाश मल्टीस्पेशियलिटी हॉस्पिटल, गया आधुनिक चिकित्सा सुविधाओं, अनुभवी विशेषज्ञों एवं समर्पित चिकित्सा टीम के साथ जटिल एवं गंभीर शल्य रोगों के सफल उपचार हेतु निरंतर कार्यरत है तथा मगध क्षेत्र के मरीजों को अपने ही क्षेत्र में उच्चस्तरीय उपचार उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है।
Gayaji News: Newborn from Nawada gets a new lease of life; entire intestine was outside the abdomen at birth—complex two-stage surgery successful at Prakash Multispecialty Hospital.



















