
देश में कोरोना संक्रमण की भयंकर लहर और तीसरे लहर में बच्चों के सबसे ज्यादा प्रभावित होने की संभावना को देखते हुए उत्तर प्रदेश सरकार जल्दी बच्चों के शिक्षा को लेकर नई घोषणा करने वाली है।
राज्य सरकार के द्वारा तीसरी लहर के प्रभाव को देखते हुए एतिहात के तौर पर कक्षा पहली से लेकर आठवीं तक के पाठ्यक्रमों को ऑनलाइन पढ़ाने के विकल्प पर विचार किया जा रहा है।
शिक्षा अधिकारियों का कहना है कि देश के प्रमुख चिकित्सा संस्थान कोरोना की तीसरी लहर जुलाई से सितंबर तक रहने और उसे बच्चों के लिए ज्यादा घातक होने की बात कर रहे हैं। ऐसे में विद्यालयों में ऑफलाइन कक्षा का संचालन करना जोखिम भरा हो सकता है इसलिए कोशिश यह की जा रही है कि बिना किसी नुकसान के बच्चों के पाठ्यक्रम को पूरा किया जा सके।
बता दें कि राजस्थान में तीसरी लहर ने दस्तक दे दी है। राज्य के दो जिलों में अब तक लगभग साढ़े छः सौ बच्चों के कोरोना संक्रमित होने की खबर भी सामने आई है।


















