
आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह के लिए बहुत ही खास दिन है। दोनों नेता अपने गृह राज्य को एक ‘सौगात’ देने जा रहे हैं। जिसकी उन्होंने काफी वर्षों पहले कल्पना की थी वह अब साकार होने जा रही है। यहां आपको बता दें कि गुरुवार को प्रधानमंत्री मोदी अपने संसदीय क्षेत्र काशी में 1500 करोड़ रुपये से अधिक लोकार्पण-शिलान्यास करके आए हैं। अब आज बारी है गुजरात की। ऐसे ही गृहमंत्री अमित शाह भी अपने संसदीय क्षेत्र गांधीनगर को भी ‘तोहफा’ देंगे। गुजरात एक बार फिर से विश्व स्तरीय सुविधाओं को लेकर अपनी उपस्थिति दर्ज कराने जा रहा है। इससे पहले इसी साल फरवरी महीने में भी अहमदाबाद के वर्ल्ड नंबर वन मोटेरा (नरेंद्र मोदी) क्रिकेट स्टेडियम का उद्घाटन हुआ था तब भी यह राज्य खेल के मैदान को लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चा में आया था। अब एक बार फिर से यह राज्य ‘वर्ल्ड क्लास’ रेलवे स्टेशन को लेकर सुर्खियों में छाया हुआ है । आइए अब बात को आगे बढ़ाते हैं। आज पीएम मोदी का गुजरात स्थित जन्मभूमि ‘वडनगर’ और अमित शाह का संसदीय क्षेत्र ‘गांधीनगर’ आधुनिक और ‘जवां’ हो गए हैं। यह भी जान लेते हैं यह दोनों स्थान गुजरात में कहां पर हैं। वडनगर मेहसाणा जिले में आता है। वही गांधीनगर अहमदाबाद से करीब 30 किलोमीटर दूर स्थित है। गांधीनगर लोकसभा संसदीय क्षेत्र भी है। यहीं से भाजपा के दिग्गज और वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी की यह परंपरागत सीट मानी जाती थी। लेकिन साल 2019 में अमित शाह इसी सीट से चुनाव लड़कर संसद पहुंचे। गुजरात के इन दोनों वर्ल्ड क्लास रेलवे स्टेशनों को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह आज शाम 4 बजे राजधानी दिल्ली से ही वर्चुअल माध्यम से जनता को समर्पित करेंगे। पहले बात करेंगे प्रधानमंत्री के रेलवे स्टेशन से। यह वडनगर वही रेलवे स्टेशन है जहां नरेंद्र मोदी के पिताजी की चाय की दुकान हुआ करती थी। ‘ मोदी के अनुसार वह भी इस रेलवे स्टेशन पर अपने पिताजी के साथ चाय बेचा करते थे’। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का जन्मस्थान होने के अलावा, वडनगर एक महत्वपूर्ण ऐतिहासिक केंद्र है। जिसमें प्रसिद्ध शर्मिष्ठा झील और एक बावड़ी है। भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण ने एक खुदाई के दौरान एक बौद्ध मठ के अवशेषों की खोज की थी। चीनी यात्री ह्रेन त्सांग ने भी भारत में अपनी यात्रा के दौरान वडनगर का दौरा किया था। चीनी यात्री ह्रेन त्सांग को लेकर पीएम मोदी कई मौकों पर उल्लेख भी कर चुके हैं।
आधुनिक सुविधाओं के साथ वडनगर को हैरिटेज लुक दिया गया है


PM Narendra Modi to inaugurate revamped railway station Vadnagar in Gujarat
अभी कुछ साल पहले तक वडनगर एक आम रेलवे स्टेशन हुआ करता था। अब इस वडनगर स्टेशन की पूरी तरह से ‘कायाकल्प’ हो चुकी है। यह स्टेशन इसलिए खास है क्योंकि पीएम मोदी की बचपन की यादें यहीं से जुड़ी हुई है। बता दें कि वडनगर रेलवे स्टेशन को हेरिटेज लुक दिया गया है, साथ ही रेलवे स्टेशन पर अब भी प्रधानमंत्री के पिता की चाय की दुकान रखी गई है। वडनगर इस खंड पर एक प्रमुख स्टेशन है, जो एक ऐतिहासिक रूप से महत्वपूर्ण शहर का हिस्सा है। इसे वडनगर-मोढेरा-पाटन हेरिटेज सर्किट के तहत बनाया गया है। वडनगर स्टेशन की इमारत में पत्थर की नक्काशी की गई है और पूरे एरिया को बेहतर डिजाइन किया गया है। प्रवेश और निकास द्वार को वास्तुशिल्प रूप से डिजाइन किया गया है। इसके अलावा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पुनर्विकसित गांधीनगर रेलवे स्टेशन के ऊपर बने एक नवनिर्मित फाइव स्टार होटल और कई अन्य बड़ी परियोजनाओं का उद्घाटन भी डिजिटल तरीके से करेंगे। गांधीनगर में मौजूदा स्टेशन का पुनर्विकास और स्टेशन के ऊपर फाइल स्टार होटल का निर्माण जनवरी 2017 में शुरू हुआ था जब मोदी ने इसकी आधारशिला रखी थी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का यह ड्रीम प्रोजेक्ट कई मायने में अनूठा है।
फाइव स्टार होटल के साथ विश्वस्तरीय सुविधाओं से लैस है गांधीनगर स्टेशन
बता दें कि विश्वस्तरीय सुविधाओं से सुसज्जित नए भारत का नया स्टेशन गांधीनगर कैपिटल स्टेशन बनकर तैयार है। यह यात्रियों को अपने आकर्षक डिजाइन और विश्वस्तरीय इंफ्रास्ट्रक्चर के साथ आपका अनुभव यादगार बना देगा। भारतीय रेल द्वारा गुजरात के गांधीनगर कैपिटल स्टेशन को अपग्रेड कर आधुनिक यात्री सुविधाओं से लैस किया गया है, ऐसा रेलवे स्टेशन अभी तक देश में कहीं और नहीं बना होगा। गुजरात की राजधानी गांधीनगर में विश्वस्तरीय सुविधाओं वाला देश का पहला रेलवे स्टेशन तैयार हो चुका है। गांधीनगर कैपिटल पहला स्टेशन है, जिसके ऊपर फाइव स्टार होटल निर्मित हुआ है। यह स्टेशन यात्रियों को हवाई अड्डे जैसी सुविधाओं का एहसास कराएगा। 318 कमरों वाला और एक प्राइवेट कंपनी चलाया जाने वाला ये लग्जरी होटल 7,400 वर्ग मीटर में फैला है । इसके दोनों तरफ अंडरपास बनाए गए हैं। होटल तक पहुंचने के लिए 1500 यात्रियों को स्टेशन पर हैंडल किया जा सकेगा। रेलवे स्टेशन के दोनों ओर 105 मीटर की लोहे की मेहराब लगाई गई हैं, जिनमें कहीं पर जोड़ नहीं है। स्टेशन पर तीन प्लेटफार्म, दो एस्कैलेटर्स, तीन एलिवेटर व दो पदयात्री सबवे का निर्माण किया गया है। इसमें आठ आर्ट गैलरी हैं, जिनमें गुजरात के ऐतिहासिक स्थलों व लोककला का प्रदर्शन किया गया है। इस रेलवे स्टेशन को निजी कंपनी संचालन करेगी।
Author: AK
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