
महाराष्ट्र के मुंबई में बुधवार की शाम एक बड़ा नाव हादसा हो गया। यहां एक यात्री जहाज नौसेना की नाव से जा टकराया। इस हादसे में अभी तक 13 लोगों की मौत की पुष्टि हो चुकी है। गेटवे ऑफ इंडिया के पास से दो नावें एलीफेंटा की ओर जा रही थीं, तभी इनमें से एक नाव नेवी की नाव से टकरा गई। टक्कर लगते ही इनमें से नाव समुद्र में पलटने लगी। इस नाव में चालक दल सहित 85 यात्री सवार थे। नाव की टक्कर काफी भयानक थी। नाव में पानी भरने लगा और वो डूब गई। इसके बाद नाव में सवार लोगों में चीख पुकार मच गई और अफरा-तफरी का माहौल हो गया। नीलकमल बोट से टकराने वाली स्पीडबोट में नेवी के 6 कर्मी सवार थे, जिनमें से 4 की मौत हो गई है। इनमें एक नेवी कर्मी और दो (ऑरिजिनल इक्विपमेंट मैन्युफैक्चरर) शामिल हैं। जबकि एक नौसेना कर्मी गंभीर रूप से घायल है। तेज रफ्तार नाव के नीलकमल बोट से टकराने वाला वीडियो वायरल हुआ है जो बेहद भयानक है।
हादसे की सूचना मिलते ही नौसेना, जेएनपीटी, तटरक्षक बल, पुलिस और स्थानीय मछुआरों की नौकाओं की मदद से रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। यलोगेट पुलिस स्टेशन 3 और स्थानीय मछली पकड़ने वाली नौकाओं की मदद से राहत और बचाव कार्य को अंजाम दिया गया। रेस्क्यू ऑपरेशन में नौसेना की 11 बोट, मरीन पुलिस की 3 बोट और कोस्ट गार्ड की 1 बोट लगी। 4 हेलीकॉप्टर भी रेस्क्यू ऑपरेशन में जुटे। यात्रियों को गेटवे ऑफ इंडिया वापस लाया गया। जहां से उन्हें अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती कराया गया। रेस्क्यू टीम ने नाव में सवार 80 लोगों को बाहर निकाला, जबकि पांच लापता हैं। अभी इनकी तलाश की जा रही है। हादसे में अभी तक 13 यात्रियों की मौत हुई है। पीएम नरेंद्र मोदी ने नौका दुर्घटना में लोगों की मृत्यु पर शोक व्यक्त किया और मृतकों के परिजनों को दो-दो लाख रुपये की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की। वहीं महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने नौसेना के वाईस एडमिरल संजय जगजीत सिंह से मिली जानकारी के आधार पर बताया कि नीलकमल कंपनी की बोट गेट वे ऑफ इंडिया से बुधवार 3.55 बजे एलिफेंटा द्वीप के लिए रवाना हुई।
उरण और करंजा (बूचर द्वीप) के पास पहुंचने पर नौसेना की एक तेज रफ्तार छोटी नाव आकर नीलकमल बोट से टकरा गई जिससे वह दुर्घटनाग्रस्त हो गई। वाईस एडमिरल ने मुख्यमंत्री को बताया कि शाम 7 बजे तक 13 लोगो को मृत घोषित किया गया है जिसमे 3 नौसेना के जवान और 10 नागरिक शामिल हैं। वहीं, 2 की हालत गंभीर है। मुख्यमंत्री फडणवीस ने बोट हादसे में मृतकों के परिजनों को 5-5 लाख रुपए की आर्थिक सहायता घोषित की है। उन्होंने कहा कि यह राशि मुख्यमंत्री सहायता निधि से प्रदान की जाएगी। उन्होंने बताया कि इस घटना की विस्तृत जांच होगी। हादसे के बाद नौसेना ने एक्स पर लिखा, ‘नौसेना का जहाज इंजन ट्रायल पर था। कैप्टन उस पर से नियंत्रण खो बैठा और जहाज नीलकमल बोट से टकरा गया। चार नेवी हेलिकॉप्टर, 11 नेवी जहाज, एक कोस्ट गार्ड बोट और 3 समुद्री पुलिस बोट से रेस्क्यू हुआ। इस घटना की जांच पुलिस और भारतीय नौसेना की ओर से संयुक्त रूप से की जाएगी। घटना को लेकर नौसेना के एक प्रवक्ता ने बताया कि टक्कर उस समय हुई जब मुंबई हार्बर में इंजन परीक्षण के दौरान इंजन में खराबी के कारण, भारतीय नौसेना के एक क्राफ्ट ने नियंत्रण खो दिया. जहाज बेकाबू होकर आगे बढ़ने लगा।
Author: AK
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