74 स्थलों पर एनओसी प्राप्त, सीमांकन का कार्य अविलंब पूरा करने का निर्देश
जहानाबाद। आंगनवाड़ी केंद्रों के निर्माण के लिए भूमि की उपलब्धता, एनओसी, सीमांकन और निर्माण कार्य में आ रही समस्याओं के त्वरित समाधान को लेकर मंगलवार को समाहरणालय में जिला पदाधिकारी छिरिङ वाई भूटिया की अध्यक्षता में अंतर-विभागीय समन्वय बैठक आयोजित की गई। बैठक में उप विकास आयुक्त, अपर समाहर्ता (राजस्व), जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (आईसीडीएस), निदेशक डीआरडीए/मनरेगा सहित सभी अंचलाधिकारी और बाल विकास परियोजना पदाधिकारी मौजूद रहे।
बैठक के दौरान आंगनवाड़ी केंद्रों के भवन निर्माण की अद्यतन स्थिति की समीक्षा की गई। जिला पदाधिकारी ने निर्देश दिया कि जिन 74 स्थलों पर एनओसी प्राप्त हो चुकी है, वहां सीमांकन का कार्य अविलंब पूरा कराया जाए। जिन स्थलों पर अभी भूमि चिन्हित नहीं हुई है, वहां संबंधित सीडीपीओ और अंचलाधिकारी संयुक्त रूप से स्थल निरीक्षण कर भूमि का चयन करें। साथ ही मापी और स्थल का नक्शा तैयार कर निर्माण प्रक्रिया में अनावश्यक विलंब नहीं होने देने का निर्देश दिया गया।
उन्होंने कहा कि आंगनवाड़ी केंद्रों के लिए भूमि संबंधित पोषण क्षेत्र या वार्ड के भीतर ही प्राथमिकता के आधार पर चिन्हित की जाए। विद्यालय परिसर अथवा विद्यालय के समीप उपलब्ध उपयुक्त भूमि को प्राथमिकता देने का निर्देश दिया गया। अतिक्रमित या अनुपयुक्त भूमि मिलने की स्थिति में तत्काल वैकल्पिक भूमि चिन्हित कर निर्माण कार्य आगे बढ़ाने को कहा गया।
नाबार्ड मद से राशि उपलब्ध कराए गए आठ आंगनवाड़ी केंद्रों के स्थलों का सीमांकन तत्काल पूरा कर निर्माण कार्य शुरू कराने का निर्देश भी दिया गया। जिला पदाधिकारी ने सभी अंचलाधिकारी और सीडीपीओ को प्रतिदिन आपसी समन्वय के साथ भूमि चिन्हांकन एवं सीमांकन की प्रगति सुनिश्चित करने को कहा।
बैठक में प्रखंड स्तरीय अनुश्रवण एवं समन्वय समिति की बैठक नियमित रूप से आयोजित करने तथा भूमि से जुड़े मामलों का समाधान यथासंभव प्रखंड स्तर पर ही करने का निर्देश दिया गया। आवश्यकता पड़ने पर प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी को भी समन्वय बैठक में शामिल करने को कहा गया।
इसके अलावा जिले के वर्तमान आंगनवाड़ी केंद्रों में उपलब्ध मूलभूत सुविधाओं की वास्तविक स्थिति का आकलन करने का निर्देश दिया गया। प्रत्येक केंद्र पर पेयजल, बिजली, भवन और शौचालय की स्थिति निर्धारित प्रारूप में दर्ज की जाएगी तथा प्रत्येक परियोजना का फोटोयुक्त एल्बम तैयार किया जाएगा।
सभी आंगनवाड़ी सेविकाओं और महिला पर्यवेक्षिकाओं को पोषण ट्रैकर ऐप का विस्तृत प्रशिक्षण देने का निर्देश दिया गया। केंद्रवार वास्तविक नामांकन, एसएएम/एमएएम बच्चों की संख्या, गर्म पका भोजन की गुणवत्ता तथा बच्चों के साथ गतिविधियों और संवाद की गुणवत्ता की नियमित रिपोर्टिंग सुनिश्चित करने को कहा गया।
जिन आंगनवाड़ी केंद्रों पर पेयजल या बिजली की सुविधा उपलब्ध नहीं है, वहां संबंधित विभागों के समन्वय से आवश्यक कार्य कराने का निर्देश दिया गया। जिला पदाधिकारी ने स्पष्ट किया कि जहां भूमि और राशि उपलब्ध है, वहां निर्माण कार्य तत्काल शुरू कराया जाए। निर्माण कार्य की गुणवत्ता से किसी भी स्तर पर समझौता नहीं किया जाएगा। संबंधित पदाधिकारियों को निर्धारित समयसीमा में कार्य पूरा कर अगली समीक्षा बैठक में अनुपालन प्रतिवेदन प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया।
Jehanabad News: Inter-departmental coordination meeting regarding accelerating the construction of Anganwadi centers.



















