बिहार में मानसून सक्रिय, पटना समेत 26 जिलों में आंधी-बारिश का अलर्ट जारी। नदियां खतरे के निशान से ऊपर, बाढ़ से लाखों लोग प्रभावित।
Storm and Rain Alert in 26 Bihar Districts, Rivers in Spate
पटना समेत 26 जिलों में आंधी-बारिश का अलर्ट, नदियां उफान पर
प्रस्तावना
बिहार इस समय मानसून के चरम दौर से गुजर रहा है। राज्य के कई हिस्सों में लगातार हो रही बारिश ने जनजीवन को प्रभावित कर दिया है। पटना सहित 26 जिलों में मौसम विभाग ने यलो अलर्ट जारी किया है। तेज हवाएं, वज्रपात और भारी बारिश के साथ-साथ नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ रहा है। गंगा, कोसी, बागमती और बूढ़ी गंडक जैसी नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही हैं, जिससे लाखों लोग बाढ़ की चपेट में हैं।
बिहार में मानसून की सक्रियता
बारिश का मौजूदा हाल
पटना, हाजीपुर, गोपालगंज, सीवान, बेगूसराय समेत 14 जिलों में बुधवार की सुबह तेज बारिश के साथ हुई। कई इलाकों में पानी भर गया और सड़कें जलमग्न हो गईं।
- मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, बंगाल की खाड़ी में बने निम्न दबाव क्षेत्र की वजह से बारिश का यह दौर अगले 4-5 दिनों तक जारी रहेगा।
- इस दौरान तेज हवाओं और वज्रपात की संभावना भी बनी रहेगी।
बारिश का रिकॉर्ड और कमी
भले ही इन दिनों बारिश का दौर तेज है, लेकिन मौसम विभाग के आंकड़े बताते हैं कि अब तक राज्य में 23% कम बारिश हुई है।
- औसतन इस समय तक 616 मिमी बारिश होनी चाहिए थी, जबकि अभी तक केवल 473 मिमी बारिश दर्ज की गई है।
- इस कमी का असर खरीफ फसलों और कृषि पर पड़ सकता है, खासकर उन इलाकों में जहां बाढ़ की बजाय सूखे जैसी स्थिति है।
बाढ़ की गंभीर स्थिति
नदियों का उफान
गंगा, कोसी, बागमती, बूढ़ी गंडक, पुनपुन और घाघरा समेत 10 नदियां इस समय उफान पर हैं।
- बेगूसराय जिले के 8 ब्लॉक के 187 गांव पूरी तरह से बाढ़ में डूब चुके हैं।
- यहां 14 अगस्त तक 137 स्कूल बंद करने का आदेश दिया गया है।
लाखों लोग प्रभावित
- बाढ़ से 17 लाख से ज्यादा लोग प्रभावित हैं।
- हजारों लोगों को राहत शिविरों में शरण लेनी पड़ी है।
- खेत और फसलें पूरी तरह डूब गई हैं, जिससे किसानों को भारी नुकसान हुआ है।
पटना में बारिश का असर
मौसम विभाग के अनुसार, पटना में अगले 48 घंटे तक रुक-रुक कर बारिश होती रहेगी।
- अधिकतम तापमान 31 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 27 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है।
- लगातार बारिश के कारण कई क्षेत्रों में जलजमाव की समस्या गंभीर हो गई है, जिससे यातायात प्रभावित है।
आने वाले दिनों का मौसम पूर्वानुमान
उत्तर और पूर्वी बिहार
- मध्यम से भारी बारिश की संभावना।
- बाढ़ प्रभावित इलाकों में जलस्तर और बढ़ सकता है।
दक्षिण बिहार
- हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है।
- कुछ क्षेत्रों में बादल छाए रहेंगे और नमी का स्तर ऊंचा रहेगा।
24 घंटे का मौसम सारांश
- सीएम नीतीश कुमार ने पटना में बाढ़ प्रभावित इलाकों का दौरा कर राहत और बचाव कार्यों की समीक्षा की।
- उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि बाढ़ पीड़ितों तक राहत सामग्री और सहायता जल्द पहुंचाई जाए।
- बुधवार को रोहतास जिला 32 डिग्री सेल्सियस के साथ सबसे गर्म रहा, जबकि पटना का तापमान दिन भर 27 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहा।
बाढ़ से निपटने के उपाय
प्रशासनिक कदम
- राहत शिविरों की संख्या बढ़ाई जा रही है।
- नावों और मोटरबोट के जरिए बाढ़ग्रस्त क्षेत्रों में मदद पहुंचाई जा रही है।
- स्वास्थ्य विभाग ने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में मेडिकल टीम तैनात की है।
लोगों के लिए निर्देश
- बाढ़ वाले क्षेत्रों में अनावश्यक यात्रा न करें।
- बिजली के पोल और तारों से दूर रहें।
- पीने के पानी को उबालकर ही इस्तेमाल करें, ताकि जलजनित बीमारियों से बचा जा सके।
कृषि और अर्थव्यवस्था पर प्रभाव
- बाढ़ से धान, मक्का और सब्जियों की फसल को नुकसान हुआ है।
- कई किसान अपने पशुओं को सुरक्षित स्थानों पर ले जाने के लिए मजबूर हैं।
- बाजारों में सब्जियों की आपूर्ति बाधित होने से कीमतें बढ़ सकती हैं।
निष्कर्ष
बिहार इस समय दोहरी चुनौती का सामना कर रहा है—एक ओर लगातार हो रही बारिश और बाढ़ का खतरा, दूसरी ओर कृषि और जनजीवन पर इसका गहरा असर। पटना सहित 26 जिलों में जारी यलो अलर्ट इस बात का संकेत है कि आने वाले दिनों में स्थिति और गंभीर हो सकती है। ऐसे में प्रशासन और आम जनता को मिलकर सावधानी और सतर्कता के साथ इस प्राकृतिक आपदा से निपटना होगा।
बिहार मौसम, पटना बारिश अलर्ट, बिहार बाढ़ स्थिति, गंगा नदी उफान, बिहार मानसून अपडेट
यह भी पढ़े: TRAI ने जारी किए नए सिम कार्ड Rule, अब नहीं करवाना पड़ेगा महंगा रिचार्ज, यहां देखें पूरी डिटेल्स
Author: AK
! Let us live and strive for freedom ! Freelance Journalist ! Politics ! News Junky !












