जहानाबाद। विश्वविद्यालय संशोधन अधिनियम, 2026 के विरोध में बिहार राज्य विश्वविद्यालय एवं महाविद्यालय शिक्षक एवं शिक्षकेतर कर्मचारी संयुक्त संघर्ष मोर्चा के आह्वान पर लगातार चौथे दिन रविवार को स्थानीय एस.एन. सिन्हा कॉलेज, जहानाबाद के शिक्षकों एवं शिक्षकेतर कर्मचारियों ने काला बिल्ला लगाकर अपने कार्यों का निर्वहन किया और शांतिपूर्ण तरीके से विरोध दर्ज कराया। इस दौरान शिक्षकेतर कर्मचारी संघ, मगध प्रक्षेत्र के उपाध्यक्ष राजीव नयन तथा संयुक्त मंत्री सह इकाई संघ के अध्यक्ष डॉ. ब्रजेश कुमार ने कहा कि शिक्षक एवं कर्मचारी लोकतांत्रिक और शांतिपूर्ण तरीके से अपनी जायज मांगों तथा विश्वविद्यालय की स्वायत्तता से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों को लेकर आंदोलन कर रहे हैं। उन्होंने सरकार से शिक्षक एवं कर्मचारी संगठनों की भावनाओं को ध्यान में रखते हुए विश्वविद्यालय संशोधन अधिनियम, 2026 पर पुनर्विचार करने की मांग की।संघ के सचिव धर्मेंद्र कुमार ने कहा कि यह आंदोलन उच्च शिक्षा एवं विश्वविद्यालय व्यवस्था से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों के समाधान के लिए किया जा रहा है। यदि सरकार की ओर से मांगों पर सकारात्मक पहल नहीं की गई, तो संघर्ष को लोकतांत्रिक तरीके से आगे भी जारी रखा जाएगा।

उन्होंने बताया कि आंदोलन के अगले चरण में 10 अगस्त 2026 को मगध विश्वविद्यालय के अंतर्गत आने वाले सभी महाविद्यालयों के शिक्षक एवं शिक्षकेतर कर्मचारी विश्वविद्यालय मुख्यालय पर एकत्रित होकर धरना-प्रदर्शन करेंगे। इस दौरान विश्वविद्यालय संशोधन अधिनियम, 2026 के विरोध में अपनी आवाज बुलंद की जाएगी।विरोध कार्यक्रम में डॉ. अख्तर रोमानी, डॉ. सुबोध कुमार झा, डॉ. शशिधर गुप्ता, डॉ. ओम प्रकाश वर्मा, श्रीमती कुमकुम कुमारी, डॉ. यास्मीन बानो, डॉ. नेहा कुमारी, डॉ. सिया शरण, डॉ. सुमन कुमारी, डॉ. हर्षवर्धन, डॉ. शंभू सिंह, संजय कुमार, नीलम कुमारी, दीपक कुमार, अंकिता, विकास कुमार सहित महाविद्यालय के सभी शिक्षक एवं शिक्षकेतर कर्मचारी उपस्थित रहे।
Jehanabad News: Teachers and employees continued their protest against the University Amendment Act for the fourth consecutive day by wearing black badges.



















