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जहानाबाद हत्या मामले में पति ससुर व सास को आजीवन कारावास

जहानाबाद हत्या के मामले में दोषी करार पति ससुर  और सास के सजा के बिंदु पर  बुधवार को खचाखच भरे न्यायालय कक्ष में लोक अभियोजक सुरेंद्र प्रसाद सिंह एवं बचाव पक्ष के अधिवक्ता राजीव रंजन की दलील सुनने के उपरांत जिला एवं सत्र न्यायाधीश ब्रजेश कुमार की अदालत ने पति प्रवीण कुमार ससुर सुनील सिंह तथा सास मंजू देवी को हत्या के मामले में आजीवन कारावास एवं 50-50000 अर्थ दंड की राशि का भुगतान करने का फैसला सुनाया   ।अर्थ दंड की राशि का भुगतान नहीं  करने पर 6 महीने का  अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा ।इतना ही नहीं न्यायालय ने  साक्ष्य  छुपाने के मामले में 2 साल का कठोर कारावास एवं 10-10 हजार रुपये की राशि अर्थ दंड भुगतान करने का  फैसला सुनाया । अर्थ दंड की राशि  का भुगतान नहीं करने पर 3 माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा । उपरोक्त आशय  की जानकारी लोक अभियोजक सुरेंद्र प्रसाद सिंह ने दी। उन्होंने बताया कि इस मामले में जहानाबाद  जिला अंतर्गत  काको थाना क्षेत्र के जलालपुर गांव निवासी विमला देवी ने मखदुमपुर थाना क्षेत्र के घनश्याम विगहा  गांव निवासी प्रवीण कुमार सुनील सिंह मंजू देवी को नाम जद कर मखदुमपुर ( टेहटा  ओ पी) थाना में कांड संख्या 518/2022प्राथमिकी दर्ज करायी थी । दर्ज प्राथमिकी में मृतका की माँ  ने  आरोप लगाई थी कि मेरी बेटी नीरू कुमारी की शादी हिंदू रीति रिवाज के साथ वर्ष 2012 में प्रवीण कुमार के साथ धूमधाम से की थी ।शादी के उपरांत दांपत्य जीवन से मेरी बेटी  नीरू कुमारी को रितिक कुमार एवं रिया कुमारी दो बच्चे थे। शादी के तीन-चार साल बाद पति ससुर और सास मारपीट कर प्रताड़ित करते थे। जिसकी सूचना मेरी बेटी मुझे  मोबाइल फोन पर देती थी । 4 अगस्त 2022 को उसने फोन कर बतायी थी  की तीनों लोग मुझे बुरी तरह मारपीट कर रहे हैं। इस बात की जानकारी प्राप्त  होने पर जब हम लोग 5 अगस्त 2022 को बेटी के ससुराल  गए तो देखें कि  घर में ताला बंद है और मेरी बेटी और ससुराल के लोग घर पर नहीं हैं । तब संदेह होने पर  गाँव के  लोगों से पूछताछ के दौरान पता चला  कि मेरी बेटी के लाश को चार चक्का वाहन से ले जाकर चोरी छुपे जला दिया है। घटना के बाद से मेरी बेटी और दामाद का मोबाइल स्विच ऑफ बता रहा है । इस मामले में अभियोजन की ओर से कुल 6 गवाह प्रस्तुत किए गए थे। जबकि बचाव पक्ष की ओर से तीन गवाह  प्रस्तुत किए गए थे।

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Author: AK

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