पद्म पुरस्कार 2026 में बिहार की तीन हस्तियों को पद्मश्री सम्मान मिला। कला और विज्ञान क्षेत्र में उनके योगदान को राष्ट्रीय पहचान मिली।
Padma Awards 2026: Bihar’s 3 Padma Shri
परिचय
देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मानों में शामिल पद्म पुरस्कार हर साल उन लोगों को दिए जाते हैं जिन्होंने अपने क्षेत्र में असाधारण योगदान दिया हो। 2026 के पद्म पुरस्कारों की घोषणा के साथ ही देशभर में खुशी और गर्व का माहौल है। इस बार बिहार की तीन प्रमुख हस्तियों को पद्मश्री सम्मान से नवाजा गया है। यह न केवल उनके व्यक्तिगत योगदान की पहचान है, बल्कि राज्य के लिए भी गौरव की बात है।
कला, संस्कृति, विज्ञान और समाजसेवा जैसे क्षेत्रों में काम करने वाले लोगों को यह सम्मान दिया जाता है। बिहार से भारत सिंह भारती, विश्वबंधु और गोपाल जी त्रिवेदी का नाम इस सूची में शामिल होना इस बात का संकेत है कि राज्य की प्रतिभाएं राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना रही हैं।
पद्म पुरस्कार क्या हैं?
Padma Awards 2026 की घोषणा गणतंत्र दिवस से पहले की गई। ये पुरस्कार भारत सरकार द्वारा दिए जाते हैं और तीन श्रेणियों में बांटे जाते हैं:
प्रमुख श्रेणियां
- पद्म विभूषण
- पद्म भूषण
- पद्मश्री
इनमें पद्मश्री चौथी सर्वोच्च नागरिक उपाधि है, जो विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान के लिए दी जाती है।
2026 में कुल कितने पुरस्कार?
इस वर्ष कुल 131 लोगों को पद्म पुरस्कार देने की स्वीकृति मिली। इनमें:
- 5 पद्म विभूषण
- 13 पद्म भूषण
- 113 पद्मश्री
पुरस्कार विजेताओं में कई महिलाएं, विदेशी नागरिक और मरणोपरांत सम्मानित हस्तियां भी शामिल हैं। इससे यह स्पष्ट होता है कि ये सम्मान विविध क्षेत्रों और पृष्ठभूमियों के लोगों को दिए जाते हैं।
बिहार की तीन हस्तियों को पद्मश्री
भारत सिंह भारती – कला के क्षेत्र में योगदान
Padma Shri Bihar सूची में शामिल भारत सिंह भारती को कला क्षेत्र में उनके लंबे और प्रभावशाली योगदान के लिए सम्मानित किया गया। उन्होंने लोककला और सांस्कृतिक परंपराओं को जीवित रखने में अहम भूमिका निभाई। उनके कार्य ने ग्रामीण कला को राष्ट्रीय मंच तक पहुंचाने में मदद की।
विश्वबंधु – मरणोपरांत सम्मान
विश्वबंधु को मरणोपरांत पद्मश्री दिया गया। उन्होंने भी कला क्षेत्र में महत्वपूर्ण कार्य किया था। उनके प्रयासों से पारंपरिक कलाओं को नई पहचान मिली। मरणोपरांत सम्मान इस बात का प्रतीक है कि उनके कार्य का प्रभाव आज भी बना हुआ है।
गोपाल जी त्रिवेदी – विज्ञान और इंजीनियरिंग
गोपाल जी त्रिवेदी को विज्ञान और इंजीनियरिंग के क्षेत्र में योगदान के लिए सम्मानित किया गया। उन्होंने तकनीकी नवाचार और अनुसंधान में महत्वपूर्ण काम किया, जिससे समाज और उद्योग दोनों को लाभ हुआ।
बिहार के लिए क्यों खास है यह सम्मान?
बिहार लंबे समय से शिक्षा, संस्कृति और बौद्धिक परंपराओं के लिए जाना जाता है। लेकिन आधुनिक दौर में राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिलना बड़ी उपलब्धि मानी जाती है। इन तीन नामों का चयन यह दर्शाता है कि राज्य की प्रतिभाएं विभिन्न क्षेत्रों में आगे बढ़ रही हैं।
पद्म पुरस्कार का चयन कैसे होता है?
Indian civilian awards के लिए नामांकन आम लोगों, संस्थानों और सरकारी विभागों द्वारा भेजे जाते हैं। इसके बाद विशेषज्ञों की समिति चयन करती है। राष्ट्रपति की मंजूरी के बाद पुरस्कारों की घोषणा होती है।
समाज पर इनका प्रभाव
जब किसी राज्य या क्षेत्र के लोगों को राष्ट्रीय सम्मान मिलता है, तो वह युवाओं के लिए प्रेरणा बनता है। इससे कला, विज्ञान और शिक्षा जैसे क्षेत्रों में काम करने की भावना बढ़ती है।
महिलाओं और विविधता का प्रतिनिधित्व
इस साल पुरस्कार पाने वालों में कई महिलाएं भी शामिल हैं। साथ ही विदेशी नागरिकों और प्रवासी भारतीयों को भी सम्मान मिला। यह दर्शाता है कि पद्म पुरस्कार केवल प्रसिद्ध लोगों के लिए नहीं, बल्कि विविध पृष्ठभूमि के लोगों के लिए भी खुले हैं।
निष्कर्ष
Padma Awards 2026 में बिहार की तीन हस्तियों को मिला पद्मश्री सम्मान राज्य के लिए गर्व का क्षण है। यह दिखाता है कि प्रतिभा किसी एक क्षेत्र तक सीमित नहीं होती। कला, विज्ञान और समाज के लिए काम करने वालों को राष्ट्रीय पहचान मिल रही है।
इन सम्मानों से आने वाली पीढ़ियों को प्रेरणा मिलेगी और देश के विकास में योगदान देने की भावना मजबूत होगी।
यह भी पढ़े: TRAI ने जारी किए नए सिम कार्ड Rule, अब नहीं करवाना पड़ेगा महंगा रिचार्ज, यहां देखें पूरी डिटेल्स
Padma Awards 2026, Padma Shri Bihar, Indian civilian awards, Bharat Singh Bharti, Gopal Ji Trivedi
Author: AK
! Let us live and strive for freedom ! Freelance Journalist ! Politics ! News Junky !












