
कांग्रेस राज्यसभा सांसद धीरज साहू के ठिकानों पर मिले करोड़ों के कैश का मामला तीन दिनों से लगातार सुर्खियों में बना हुआ है। इसके सामने आने के बाद कांग्रेस पर भाजपा नेताओं का हमला जारी है। भाजपा की झारखंड इकाई के अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी ने तो धीरज साहू की गिरफ्तारी तक की मांग की है। मीडिया रिपोर्ट्स की मानें, तो धीरज साहू और उनके पूरे ग्रुप पर इनकम टैक्स के छापे में अब तक 300 करोड़ रुपये बरामद हो चुके हैं और ये गिनती अभी थमने का नाम नहीं ले रही है। झारखंड से कांग्रेस के राज्यसभा सदस्य धीरज प्रसाद साहू के घर और कार्यालयों पर आयकर विभाग की छापेमारी बीते 72 घंटों से जारी है। इस दौरान 300 करोड़ से अधिक की नकदी बरामद की जा चुकी है। बरामद नकदी को गिनने के लिए लाई गई मशीनें गिनती करते-करते खराब भी हो गई। विभाग को नई मशीनें मंगानी पड़ी तब गिनती का काम शुरू हो सका। पहले दिन बुधवार को भी 150 करोड़ की गिनती करने के बाद मशीनें खराब हो गई थीं, जिसके कारण गिनती करने का काम प्रभावित हुआ था। अब आयकर विभाग की ओर से तीन दर्जन मशीनें लगाई गई हैं। नोटों की गिनती में आयकर विभाग की ओर से तीन दर्जन गिनती मशीनें इस्तेमाल में लाई जा रही हैं।
रिपोर्ट्स की मानें, तो ये मशीनें सीमित क्षमता वाली हैं। ऐसे में नोटों की गिनती का काम धीमी गति से आगे बढ़ रहा है। लिहाजा नोटों की गिनती में देरी हो रही है। आयकर विभाग ने ये कैश बौध डिस्टिलरी प्राइवेट लिमिटेड और कंपनी से जुड़े परिसरों से बरामद किए हैं। रिपोर्ट्स की मानें, तो बौध डिस्टिलरी प्राइवेट लिमिटेड पर आयकर विभाग के अधिकारियों ने टैक्स चोरी के शक में छापेमारी की थी। बता दें कि शुक्रवार को आयकर की टीम ने ओडिशा के बलांगीर जिले के सुदापाड़ा में शराब कंपनी के मैनेजर के घर छापेमारी कर नोटों से भरे 156 बैग बरामद किए। ये रकम 100 करोड़ से अधिक कही जा रही है। वहीं, इसके पहले बुधवार और गुरुवार को आयकर विभाग के अधिकारियों ने बलदेव साहू एंड ग्रुप आफ कंपनीज के बलांगीर कार्यालय में छापेमारी कर अलमारियों में बंदकर रखी गई 200 करोड़ से अधिक की नकदी जब्त की थी। यानी अब तक कुल 300 करोड़ रुपये कैस बरामद किए जा चुके हैं और अभी आयकर विभाग की कार्रवाई जारी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विपक्षी पार्टी पर हमला करते हुए एक्स पर अपनी एक पोस्ट में लिखा, ‘देशवासियों को नोटों के इन ढेरों को देखना चाहिए और फिर उनके नेताओं के ईमानदारी के भाषणों को सुनना चाहिए। जनता से जो लूटा है, उसकी पाई-पाई लौटानी पड़ेगी। यह मोदी की गारंटी है। बता दें कि धीरज साहू की कुल घोषित संपत्ति की करें, तो साल 2018 के राज्यसभा चुनाव के दौरान उनकी ओर से चुनाव आयोग को साझा की गई जानकारी के अनुसार, धीरज साहू के पास कुल 34 करोड़ की संपत्ति थी। इस दौरान उन्होंने खुद पर 2.36 करोड़ रुपये के कर्ज का भी जिक्र किया था। वहीं, वित्त वर्ष 2016-17 के इनकम टैक्स रिटर्न में उन्होंने अपनी आमदनी 1 करोड़ से अधिक बताई थी।
Author: AK
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