दिल्ली शराब नीति मामले में हुई पहली गिरफ्तारी, आप समर्थक विजय नायर को किया गिरफ्तार

JOIN OUR WHATSAPP GROUP
दिल्ली की शराब नीति मामले में सीबीआई ने मंगलवार देर रात पहली गिरफ्तारी की है। सीबीआई ने इस मामले में विजय नायर को अरेस्ट किया है। विजय नायर एक एंटरटेनमेंट और इवेंट मीडिया कंपनी के पूर्व सीईओ हैं। और कथित घोटाले का मुख्य साजिशकर्ता बताया जा रहे हैं। विजय नायर Only Much Louder नाम की एंटरटेनमेंट और मीडिया इवेंट कंपनी के पूर्व सीईओ हैं।
मिली जानकारी के मुताबिक, विजय नायर को कल सीबीआई दफ्तर में पूछताछ के लिए बुलाया गया था। इसके बाद उनको गिरफ्तार किया गया। विजय नायर पर चुन-चुनकर लाइसेंस देने, गुटबंदी करने और साजिश रचने का आरोप है।
वहीं विजय नायर की गिरफ्तारी पर AAP पार्टी की सफाई भी आई है। AAP प्रवक्ता अक्षय मराठे ने कहा कि विजय नायर कुछ सालों के लिए AAP के संचार प्रभारी थे और उन्हें फर्जी केस में फंसाया जा रहा है। मराठे ने दावा किया कि यह पूरी तरह से राजनीतिक प्रतिशोध है। क्योंकि नायर गुजरात चुनाव के लिए रणनीति तैयार कर रहे थे।
आम आदमी पार्टी ने बयान जारी कर कहा है कि विजय नायर पार्टी के कम्युनिकेशन इंचार्ज हैं और पंजाब में उनकी जिम्मेदारी कम्युनिकेशन की रणनीति बनाने और उस पर अमल कराने की थी। गुजरात में भी उनकी यही जिम्मेदारी है। उनका एक्साइज पॉलिसी से कोई लेना-देना नहीं है। सीबीआई की ओर से विजय को गिरफ्तार किया जाना हैरान करने वाला है।
आम आदमी पार्टी की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि विजय नायर को पिछले दिनों पूछताछ के लिए बुलाया गया था और ये दबाव बनाया गया था कि मनीष सिसोदिया का नाम लो। इनकार करने पर गिरफ्तारी की धमकी दी गई थी। एक महीने में विजय के घर दो बार रेड हुई लेकिन कुछ नहीं मिला। ये आम आदमी पार्टी को कुचलने और गुजरात चुनाव में पार्टी के अभियान में बाधा डालने की कोशिश का हिस्सा है।
बयान में ये भी कहा गया है कि पूरा देश देख रहा है कि आम आदमी पार्टी की बढ़ती लोकप्रियता से बीजेपी बौखला गई है। बीजेपी गुजरात में आम आदमी पार्टी के बढ़ते जनाधार को पचा नहीं पा रही है। आम आदमी पार्टी ने विजय नायर और अन्य पार्टी नेताओं पर लगे आरोप को झूठ और निराधार बताते हुए इस कार्रवाई की निंदा की है।
बीजेपी पर AAP ने साधा निशाना
आम आदमी के प्रवक्ता सौरव भारद्वाज ने कहा, विजय नायर ने पंजाब में सियासी रणनीति बनाई और फिलहाल गुजरात चुनाव में कम्युनिकेशन स्ट्रेटजी बना रहे थे। ऐसे समय पर शराब नीति के नाम पर उनकी गिरफ्तारी बताती है कि बीजेपी हर तरफ से AAP को कुचलने की कोशिश कर रही है। ‘आप’ की गुजरात में बढ़ती लोकप्रियता से परेशान होकर उन्हें गिरफ्तार किया गया है। बार-बार पूछताछ के दौरान विजय नायर पर मनीष सिसोदिया का नाम लेने का दवाब बनाया गया था।
दूसरी ओर विजय नायर की गिरफ्तारी पर बीजेपी ने दिल्ली की आम आदमी पार्टी को घेरा भी है। लिखा गया है कि अभी मीडिया से पता चला की विजय नायर को गिरफ़्तार कर लिया गया। आगे लिखा है कि मनीष सिसोदिया अभी शुरुआत हो गई बहुत जल्दी आपकी और अरविंद केजरीवाल की तमन्ना पूरी होगी।
क्या है मामला, सिसोदिया पर क्या आरोप?
दरअसल में दिल्ली की शराब नीति पर मुख्य सचिव ने एक रिपोर्ट सौंपी थी। इस रिपोर्ट में GNCTD एक्ट 1991, ट्रांजेक्शन ऑफ बिजनेस रूल्स 1993, दिल्ली एक्साइज एक्ट 2009 और दिल्ली एक्साइज रूल्स 2010 के नियमों का उल्लंघन पाया गया था। मनीष सिसोदिया पर आरोप है कि जब आबकारी विभाग ने शराब की दुकानों के लिए लाइसेंस जारी किए तो इस दौरान मनीष सिसोदिया द्वारा कुल प्राइवेट वेंडर्स को 144 करोड़ 36 लाख रुपये का फायदा पहुंचाया गया, क्योंकि इस दौरान इतने रुपये की लाइसेंस फीस माफ कर दी, जिससे सरकार को भारी नुकसान हुआ।
इसके अलावा मनीष सिसोदिया पर यह भी आरोप है कि उन्होंने कैबिनेट को भरोसे में लिए बिना और उप-राज्यपाल के बिना फाइनल अप्रूवल के कई बड़े फैसले लिए हैं।
Author: AK
! Let us live and strive for freedom ! Freelance Journalist ! Politics ! News Junky !












