
फ़िल्म : शकुंतला देवी
ओटीटी : अमेजॉन प्राइम
कलाकार : विद्या बालन , जिशू सेन गुप्ता,सान्या मलहोत्रा,अमित साध
डायरेक्टर : अनु मेनन
अपने अभिनय से दर्शकों का दिल जीतने वाली कलाकार विद्या बालन एक साल बाद ओटीटी प्लेटफॉर्म अमेजॉन प्राइम पर शकुंतला देवी फिल्म में ह्यूमन कंप्यूटर शकुंतला देवी के कैरेक्टर में नजर आयी हैं। इस फिल्म में विद्याबालन ने कंप्यूटर वूमेन के साथ साथ एक स्वाबलंबी मां का भी किरदार निभाया है।
यह फिल्म भारत की ह्यूमन कंप्यूटर और जीनियस लेडी संकुंतला देवी पर फिल्माया गया है। जहां इस के अंदर दिखाया गया है कि कैसे शकुंतला देवी ने अपने तेज दिमाग के बलबूते हिंदुस्तान से लंदन तक का सफर तय किया था। उन्होंने कैसे गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड में अपना नाम दर्ज करवाया था।वैसे इस फिल्म को रिलीज करने की तारीख 8 मई को ही थी लेकिन कोरोना की वज़ह से इसे ओटीटी पर जुलाई अंत में यानी 31 जुलाई को किया गया है।
कहानी है बेंगलुरु के एक बेहद साधारण परिवार में जन्मी शकुंतला की ,जिसने कभी स्कूल में पढ़ाई नहीं की। लेकिन इसके बावजूद मैथ्स में बेहतरीन कैलकुलेशन और इक्वेशन के साथ गिनीज बुक में अपना नाम दर्ज कराया । शकुंतला देवी भारत की ही नहीं विश्व की सबसे तेज कैलकुलेशन करने वाली पहली महिला बनी थीं जिन्होंने भारत का नाम पूरे विश्व में ऊंचा कराया। यह कहानी है 90 के दशक की एक महिला जो हर तरह के परेशानियों के वावजूद अपने सपनों को नहीं छोड़ती। इस फिल्म में विद्या बालन ने यह दिखाया है कि एक मां बनने के बाद किसी भी महिला के सपने खत्म नहीं हो जाते ओर ना ही उसके उड़ने के लिए आसमान छोटी हो जाती है, बस जरूरत होती है खुद में आत्मविश्वास की।
पुरी फिल्म की पटकथा शकुंतला देवी के जीवन के संघर्षों और उनके परिवार के बीच ताल मेल को लेकर घूमती नजर आएंगी। इस फिल्म में शकुंतला देवी के कैरेक्टर में विद्या बालन ने काफी उम्दा अभिनय की है। इसके अलावा और भी कलाकारों ने भी बेहतरीन अभिनय किया है। कुल मिलाकर कर इस वीक एंड आप ओटीटीपी प्राइम वीडियो पर शकुंतला देवी फिल्म पूरे परिवार के साथ जरूर इंजॉय कर सकते हैं।
कुछ असली फैक्ट्स है जो असली में शकुंतला देवी के बारे में है
बिना औपचारिक शिक्षा के शकुंतला देवी ने मैसूर यूनिवर्सिटी में अंकगणित क्षमताओं का प्रदर्शन किया। यहीं से उन्हें फेम मिलना शुरू हुआ और वह लंदन शिफ्ट हो गईं।
जीनियस शकुंतला देवी ने अपनी किस्मत चुनावी मैदान भी आजमाई थी, साल 1980 के लोकसभा चुनाव में बतौर निर्दलीय उम्मीदवार साउथ मुंबई और तेलंगाना के मेदक से मैदान में उतरीं थीं। सबसे ख़ास बात यह थी कि इस सीट से उन्होंने उस वक्त की प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी को चैलेंज दिया था।
गिनीज़ बुक रिकॉर्ड- शकुंतला देवी ने अपने कैलकुलेशन की जबरदस्त तकनीक और क्षमता की वजह से गिनीज़ बुक में अपना रिकॉर्ड दर्ज करवाया था। इसके बाद यह कहा गया कि वह कम्प्यूटर को भी पछाड़ सकती हैं।
शकुंतला देवी ने होमोसेक्सुअलिटी यानी समलैंगिकता पर साल 1977 में ही किताब लिखी थी, इस किताब के लिए उनकी आलोचन भी काफी हुई थीं।
Author: AK
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