
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी एक दिन के दौरे पर उत्तराखंड पहुंच चुके हैं। देहरादून के जॉली ग्रांट एयरपोर्ट पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रधानमंत्री का स्वागत किया। प्रधानमंत्री यहां से उत्तरकाशी के हर्षिल और मुखबा के लिए रवाना हो गए हैं। इस दौरान वह हर्षिल में एक जनसभा को भी संबोधित करेंगे और मुखबा पहुंचकर मां गंगा की पूजा-अर्चना करेंगे। पीएम मोदी करीब साढ़े चार घंटे उत्तराखंड में रहेंगे। उनके स्वागत के लिए हर्षिल-मुखबा क्षेत्र सज-संवर कर पूरी तरह से तैयार है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के आग्रह पर शीतकालीन पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए प्रधानमंत्री मोदी गुरुवार को हर्षिल-मुखबा क्षेत्र के दौरे पर आ रहे हैं। पीएम मोदी के दौरे को देखते हुए उत्तरकाशी जिले के इस सीमावर्ती क्षेत्र में गजब का उत्साह और उल्लास देखा जा रहा है। पीएम नरेंद्र मोदी के उत्तराखंड दौरे को लेकर सीएम पुष्कर सिंह धामी ने उनका स्वागत किया गया है।
सोशल मीडिया एक्स पर किए गए पोस्ट में सीएम धामी ने कहा कि पीएम मोदी का धर्म, अध्यात्म और बलिदान की पावन धरा देवभूमि उत्तराखण्ड आगमन पर हार्दिक स्वागत और अभिनंदन है। मुखबा-हर्षिल (उत्तरकाशी) की आध्यात्मिक और प्राकृतिक सुंदरता से परिपूर्ण भूमि पर आदरणीय प्रधानमंत्री के स्वागत के लिए हम सभी प्रदेशवासी उत्सुक हैं। निश्चित तौर पर उनकी यह शीतकालीन यात्रा हमारे प्रदेश के सांस्कृतिक, आध्यात्मिक और पर्यटन विकास को नए आयाम देगी।पीएम मोदी करीब 10:30 बजे हर्षिल पहुंचेंगे। वहां वह शीतकालीन पर्यटन और स्थानीय उत्पादों की प्रदर्शनी का निरीक्षण करेंगे। इसके बाद पीएम मोदी जादुंग और पीडीए के लिए मोटर बाइक एवं एटीवी-आरटीवी रैली को हरी झंडी दिखाएंगे। इसके लावा जनकताल एवं मुलिंगला के लिए ट्रैकिंग अभियान को भी हरी झंडी दिखाएंगे। करीब 10:45 बजे पीएम जनसभा को संबोधित करेंगे। जनसभा के बाद वे जॉलीग्रांट रवाना होंगे। वहीं एक दिन पहले मोदी सरकार ने उत्तराखंड को सौगात भी दी है। केंद्र सरकार ने केदारनाथ धाम और हेमकुंड साहिब के लिए रोप-वे प्रोजेक्ट को मंजूरी दी है। केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बताया, अभी जो यात्रा 8-9 घंटे में पूरी होती है, वह घटकर 36 मिनट की हो जाएगी।
केदारनाथ के लिए 12.9 किमी लंबा रोपवे: उत्तराखंड में सोनप्रयाग से केदारनाथ तक (12.9 किमी) का रोपवे बनेगा। गौरीकुंड से 16 किमी की कठिन चढ़ाई के बाद केदारनाथ मंदिर आता है। अभी इसे पैदल, पालकी, टट्टू और हेलिकॉप्टर से पूरा किया जाता है। रोपवे बनने के बाद हर घंटे 1800 और हर दिन 18 हजार तीर्थयात्रियों को पहुंचाया जाएगा। हेमकुंड साहिब के लिए 12.9 किमी लंबा रोपवे: गोविंद घाट से हेमकुंड साहिब तक 12.4 किमी रोपवे बनेगा। इसमें 2,730.13 करोड़ रुपए खर्च होंगे। रोपवे से हर घंटे 1100 और हर दिन 11 हजार यात्रियों को ले जाया जाएगा। हेमकुंड साहिब उत्तराखंड के चमोली जिले में है।
Author: AK
! Let us live and strive for freedom ! Freelance Journalist ! Politics ! News Junky !












