रवि, अप्रैल 12, 2026

भाजपा सांसद कंगना रनौत ने पार्टी लाइन के खिलाफ फिर दिया विवादित बयान, मामला बढ़ने पर मांगी माफी

‘I take my words back’: Kangana Ranaut apologises for remarks on repealed farm laws

जम्मू कश्मीर और हरियाणा विधानसभा चुनाव के बीच हिमाचल की मंडी से भारतीय जनता पार्टी की संसद कंगना रनौत ने एक बार फिर पार्टी लाइन के खिलाफ बयान दिया। कंगना के इस बयान के बाद कांग्रेस पार्टी ने भाजपा पर करारा प्रहार किया है। मामला बढ़ने के बाद कंगना रनौत ने एक बार फिर माफी मांगी है। कंगना रनौत ने वीडियो शेयर करते हुए कहा की में जनता से मांगी माफी मांगती हूं और अपने शब्द वापिस लेती हूं। उन्होंने कहा कि जब किसान कानून प्रस्तावित किए गए थे, तो हम में से कई लोगों ने उनका समर्थन किया था, लेकिन बड़ी संवेदनशीलता और सहानुभूति के साथ, हमारे आदरणीय प्रधानमंत्री ने उन कानूनों को वापस ले लिया था। मुझे खेद है कि अगर मैंने अपने शब्दों और विचारों से किसी को निराश किया है। मैं अपने शब्द वापस लेती हूं। उन्होंने कहा कि मैं अब सिर्फ कलाकार नहीं बल्कि मैं भारतीय जनता पार्टी की कार्यकर्ता भी हूं। ऐसे में अपने निजी विचार पेश करते हुए मुझे ध्यान रखने की जरूरत है कि मेरे विचार पार्टी के विचार एक होने चाहिए। मेरी बात से जो लोग निराश है उनसे में माफी मांगती हूं। बता दें कि कांग्रेस ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर रनौत का एक बिना तारीख वाला वीडियो साझा किया, जिसमें कंगना कथित तौर पर हिंदी में कह रही हैं, जो कृषि कानून निरस्त किए गए हैं उन्हें वापस लाया जाना चाहिए। मुझे लगता है कि यह विवादास्पद हो सकता है। किसानों के हित में कानून वापस लाए जाएं। किसानों को खुद इसकी मांग करनी चाहिए, ताकि उनकी समृद्धि में कोई रुकावट नहीं रहे। कांग्रेस ने कृषि कानूनों पर कंगना की टिप्पणी का हवाला देते हुए कहा था कि सत्तारूढ़ पार्टी 2021 में निरस्त किए गए तीन कानूनों को वापस लाने की कोशिश कर रही है, हरियाणा इसका करारा जवाब देगा। बता दें कि पिछले महीने ही कंगना को भाजपा ने उस टिप्पणी के लिए चेतावनी दी थी, जिसमें उन्होंने कहा था कि कृषि कानूनों के खिलाफ आंदोलन से भारत में बांग्लादेश जैसी स्थिति पैदा हो सकती है। उनकी यह टिप्पणी बांग्लादेश की नेता शेख हसीना को प्रधानमंत्री पद से इस्तीफा देने और उनके खिलाफ छात्रों के नेतृत्व वाले विरोध प्रदर्शनों के कारण भारत भागने के लिए मजबूर होने के कुछ दिनों बाद आई थी।

यह भी पढ़े बिहार: सीएम नीतीश के कार्यक्रम में विधायकों की No Entry, गार्ड्स ने धक्का देकर भगाया; हाथ में गुलदस्ता लेकर खड़े रह गए विधायक

यह भी पढ़ेस्वामीनाथन रिपोर्ट: पहले भारत रत्न का सम्मान,अब उन्हीं स्वामीनाथन की कृषि रिपोर्ट कृषि मंत्रालय की वेबसाइट से गायब, जानें कौन हैं स्वीनाथन क्या है इनकी रिपोर्ट

AK
Author: AK

! Let us live and strive for freedom ! Freelance Journalist ! Politics ! News Junky !

Relates News